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यूरिया एवं डीएपी के बढ़े दामों से किसानों के समक्ष आएगा गम्भीर संकट : लल्लू

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                        BL News
लखनऊ । उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने भाजपा की योगी आदित्यनाथ सरकार पर किसानों से छल करने का आरोप लगाया है.उन्होंने कहा है कि कोरोना महामारी के संकट के समय सरकारी क्रय केंद्रों पर किसानों के गेहूं खरीद में अनेक प्रकार की कमियां निकालकर उन्हें बिचैलियों के हाथों बेंचने के लिये मजबूर किया जा रहा है, वहीं क्रय केंद्र बिचैलियों व दलालों के पूरी तरह नियंत्रण में संचालित हो रहे हैं। सरकारी पोर्टल पर किसानों की शिकायत का भी संज्ञान नहीं लिया जा रहा।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि क्रय केंद्रों पर कई-कई दिन ट्रैक्टर-ट्रालियों पर किसान अपनी बारी की प्रतीक्षा करते हैं. जब उनका नम्बर आता है तो गेहूं में अनेक प्रकार की कमियां निकालकर लेने से इन्कार कर दिया जाता है, जिसके बाद केंद्रों में बैठे दलालों, बिचैलियों के हाथों उसे अपनी उपज एमएसपी 1975 रुपये प्रति क्विंटल के बजाय 1400 से 1600 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से बेंचना पड़ रहा है। किसानों को उपज का लागत मूल्य न मिलने के कारण उसके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा होगा और वह कर्ज में डूब जाएगा।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि खाद्य रसद विभाग द्वारा नामित 11 एजेंसियों में 7 के ही द्वारा क्रय केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। क्रय केंद्रों पर दलालों व सत्ताधारी दल के नेताओं की सिफारिश पर किसानों का गेहूं खरीद रहे हैं और उनसे रकम वसूली हो रही है। उन्होंने कहा कि दलालों, बिचैलियों के नेक्सस ने क्रय केंद्रों को पूरी तरह नियंत्रित कर रखा है। स्थिति यह है कि दलालों, नेताओं को दलाली देकर क्रय केंद्र में किसान के गेहूं की खरीद हो सकती है या औने-पौने दामों में बिचैलिये के हाथ बेंचने की मजबूरी उसके सामने है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि किसानों को राज्य की भाजपा सरकार बेबस बनाने पर तुली हुई है। सरकार का यह रवैया किसी भी तरह से उचित नही है। उसे चाहिये कि क्रय केंद्रों पर आने वाले किसानों के गेहूं खरीद सुनिश्चित की जाए, कमियां बताकर उसकी उपज दलालों, बिचैलियों के हाथों बेंचने को विवश मत किया जाए। किसानों की शिकायतों पर तत्काल कार्यवाही की जाए।

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